CM Yogi Adityanath Gonda Visit : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को गोंडा पहुंच गए, जहां उन्होंने कमिश्नर कार्यालय के महाराजा सुहेलदेव सभागार में देवीपाटन और बस्ती मंडल के लोक निर्माण विभाग (PWD) के पुराने कार्यों की समीक्षा शुरू की। बैठक को लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं और किसी भी जनप्रतिनिधि या अधिकारी को परिसर के अंदर मोबाइल फोन ले जाने की अनुमति नहीं दी गई है। सीएम की इस समीक्षा बैठक को प्रशासनिक दृष्टि से बेहद अहम माना जा रहा है। लगभग डेढ़ घंटे तक चलने वाली इस बैठक में दोनों मंडलों के वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि शामिल हैं।
बैठक के दौरान लोक निर्माण विभाग की परियोजनाओं, सड़क निर्माण और चौड़ीकरण से जुड़े कार्यों की विस्तृत समीक्षा की जा रही है। संभावना जताई जा रही है कि हाल ही में सामने आए टेंडर से जुड़े कथित अनियमितताओं पर भी मुख्यमंत्री अधिकारियों से जवाब मांग सकते हैं।
CM Yogi Adityanath Gonda Visit
इस समीक्षा के चलते प्रशासनिक स्तर पर हलचल तेज हो गई है। पिछले 24 घंटों से संबंधित विभागों के अधिकारी और कर्मचारी फाइलों को दुरुस्त करने और रिपोर्ट तैयार करने में जुटे रहे। बैठक में गोंडा-अयोध्या मार्ग के चौड़ीकरण सहित कई नई सड़क परियोजनाओं के प्रस्ताव भी रखे जाने की संभावना है।
इधर, गोंडा में अधिवक्ताओं ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। नगर कोतवाली में दर्ज मुकदमों को वापस लेने और 70 वर्ष से अधिक आयु के अधिवक्ताओं को पेंशन देने की मांग को लेकर अधिवक्ताओं ने कमिश्नरी परिसर के बाहर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने “मुख्यमंत्री जिंदाबाद” और “अधिवक्ताओं की मांगें पूरी करो” के नारे लगाए। वहीं, कुछ अधिवक्ताओं ने डीएम के खिलाफ भी नारेबाजी करते हुए विरोध जताया और बैठक स्थल से कुछ दूरी पर धरने पर बैठ गए।
अधिकारी मौके पर मौजूद
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर मौजूद रहे। डीआईजी अशोक कुमार शुक्ला ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया और माहौल को शांत करने की कोशिश की। मुख्यमंत्री का विस्तृत कार्यक्रम भी जारी किया गया है। वे दोपहर 12:20 बजे गोंडा पुलिस लाइन हेलीपैड पहुंचे और 12:25 बजे से 2:00 बजे तक समीक्षा बैठक में शामिल रहे। इसके बाद वे 2:05 बजे से 2:30 बजे तक सर्किट हाउस में रुकेंगे और फिर 2:35 बजे अयोध्या के श्रीराम कथा पार्क के लिए रवाना होंगे। पूरे कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को सख्त रखा गया है और पुलिस लाइन से लेकर कमिश्नर कार्यालय तक भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।




