Barabanki Road Accident : उत्तर प्रदेश के Barabanki में मंगलवार तड़के बड़ा सड़क हादसा हो गया। लखनऊ-सुल्तानपुर हाईवे पर तेज रफ्तार इनोवा कार आगे चल रहे ट्रेलर में पीछे से जा घुसी। हादसा इतना भीषण था कि कार के अगले हिस्से के परखच्चे उड़ गए। दुर्घटना में सरकारी डॉक्टर समेत चार दोस्तों की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी लोग कैंची धाम दर्शन के लिए जा रहे थे। यह हादसा हैदरगढ़ क्षेत्र के भिखरा गांव के पास सुबह करीब 3 बजे हुआ।
शुरुआती जांच में पुलिस ने आशंका जताई है कि कार चालक को झपकी आने की वजह से वाहन अनियंत्रित होकर ट्रेलर से टकरा गया। बताया जा रहा है कि इनोवा करीब 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही थी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार बुरी तरह ट्रेलर के पिछले हिस्से में फंस गई।
Barabanki Road Accident
हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। तेज आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण घटनास्थल की ओर दौड़े। कार में फंसे लोगों की चीख-पुकार सुनकर स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी और खुद राहत कार्य शुरू कर दिया। काफी मशक्कत के बाद घायलों को बाहर निकाला गया। एम्बुलेंस की मदद से सभी को नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने चार लोगों को मृत घोषित कर दिया। पुलिस के अनुसार हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान चंदौली निवासी डॉ. राहुल कुमार, गाजीपुर निवासी राहुल सिंह, बलिया निवासी सत्यम सिंह और सुल्तानपुर निवासी सूरज मिश्रा के रूप में हुई है। घायलों में मिर्जापुर निवासी पंकज और चंदन के साथ बलिया निवासी प्रशांत शामिल हैं। तीनों की हालत गंभीर होने पर उन्हें लखनऊ के केजीएमयू रेफर किया गया है।
कैंची धाम दर्शन के लिए निकले थे सभी दोस्त
जानकारी के मुताबिक सभी दोस्त वाराणसी में इकट्ठा हुए थे और वहां से कैंची धाम के दर्शन के लिए रवाना हुए थे। मृतक सत्यम सिंह वाराणसी के पांडेयपुर इलाके में अन्नपूर्णा हॉस्टल का संचालन करते थे। परिवार के साथ वहीं रहते थे। उनकी पत्नी और दो छोटे बच्चे हैं। परिवार की आर्थिक जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर थी। उनके पिता का पहले ही निधन हो चुका है।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
हादसे की सूचना मिलते ही मृतकों के परिवार अस्पताल पहुंच गए। अस्पताल परिसर में चीख-पुकार और मातम का माहौल देखने को मिला। परिजन बदहवास हालत में जमीन पर बैठकर रोते नजर आए। बताया जा रहा है कि मृतकों में एक सरकारी डॉक्टर, एक शिक्षक और एक कारोबारी शामिल थे। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
इस हादसे ने एक बार फिर लंबी दूरी की यात्रा के दौरान थकान और नींद के खतरे को उजागर कर दिया है। पुलिस लगातार वाहन चालकों को देर रात ड्राइविंग के दौरान सतर्क रहने और जरूरत पड़ने पर आराम करने की सलाह दे रही है, लेकिन तेज रफ्तार और लापरवाही कई बार ऐसे दर्दनाक हादसों में बदल जाती है।
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