BJP Organisation : उत्तर प्रदेश भाजपा संगठन में बड़े बदलाव की कवायद अब अंतिम चरण में पहुंचती दिखाई दे रही है। पार्टी के प्रदेश संगठन में नई नियुक्तियों और पुराने पदाधिकारियों की जिम्मेदारियों को लेकर दिल्ली में लगातार मंथन जारी है। शनिवार को प्रस्तावित अहम बैठक राष्ट्रीय नेतृत्व की व्यस्तता के कारण टल गई, लेकिन इसके बावजूद पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के बीच संगठनात्मक बदलाव को लेकर लंबी चर्चा हुई। माना जा रहा है कि अब रविवार को होने वाली बैठक में कई अहम नामों पर अंतिम सहमति बन सकती है।
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष Pankaj Chaudhary और संगठन महामंत्री Dharampal Singh ने दिल्ली पहुंचकर राष्ट्रीय महामंत्री Vinod Tawde के साथ संगठन की संभावित सूची पर लंबी चर्चा की।
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सूत्रों के अनुसार, बैठक में प्रदेश संगठन से जुड़े कई अहम पदों पर नए चेहरों और पुराने नेताओं के भविष्य को लेकर मंथन हुआ। पार्टी नेतृत्व चाहता है कि संगठन में संतुलन के साथ नई ऊर्जा भी दिखाई दे। प्रदेश संगठन में महामंत्री, उपाध्यक्ष, मंत्री, प्रवक्ता, मीडिया प्रभारी और विभिन्न मोर्चों के अध्यक्षों को लेकर पिछले कई दिनों से लखनऊ और दिल्ली के बीच बैठकों का दौर चल रहा है। युवा मोर्चा, किसान मोर्चा और अल्पसंख्यक मोर्चा समेत कई इकाइयों में बदलाव की संभावना जताई जा रही है। इसके अलावा छह क्षेत्रीय अध्यक्षों की नियुक्ति भी इस फेरबदल का अहम हिस्सा मानी जा रही है।
पुराने पदाधिकारियों को लेकर बढ़ी असहमति
सूत्रों का कहना है कि संगठन में कई पदाधिकारी लंबे समय से एक ही जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। कुछ नेताओं की कार्यशैली और छवि को लेकर सवाल भी उठते रहे हैं। इसी कारण प्रदेश नेतृत्व संगठन में बड़े बदलाव का पक्षधर बताया जा रहा है। हालांकि कई वरिष्ठ नेता अपने करीबी लोगों को दोबारा संगठन में जगह दिलाने के लिए सक्रिय हैं। इसी वजह से कई नामों पर सहमति बनने में देरी हो रही है।
दिल्ली तक पहुंची सिफारिशों की राजनीति
भाजपा संगठन में बदलाव को लेकर अब सिफारिशों का दौर भी तेज हो गया है। सूत्रों के मुताबिक कई बड़े नेता अपने समर्थकों के नाम आगे बढ़ाने के लिए केंद्रीय नेतृत्व से संपर्क साध रहे हैं। गृह मंत्री Amit Shah और पार्टी के शीर्ष नेताओं तक भी कुछ नामों की पैरवी पहुंची है। हालांकि प्रदेश नेतृत्व कुछ नामों को लेकर पूरी तरह सहमत नहीं बताया जा रहा, जिसके कारण अंतिम सूची तैयार होने में समय लग रहा है।
क्षेत्रीय अध्यक्षों के नामों पर फंसा पेंच
प्रदेश संगठन के अधिकांश प्रमुख पदों पर सहमति बनने की बात कही जा रही है, लेकिन क्षेत्रीय अध्यक्षों और मोर्चा पदाधिकारियों को लेकर अभी भी चर्चा जारी है। पार्टी नेतृत्व क्षेत्रीय समीकरण, जातीय संतुलन और आगामी चुनावी रणनीति को ध्यान में रखते हुए निर्णय लेना चाहता है। इसी वजह से अंतिम सूची को लेकर सावधानी बरती जा रही है। भाजपा सूत्रों के अनुसार रविवार की बैठक बेहद अहम मानी जा रही है। यदि बाकी बचे नामों पर सहमति बन जाती है तो सोमवार या मंगलवार तक नई सूची जारी की जा सकती है। माना जा रहा है कि इस फेरबदल के जरिए पार्टी आगामी चुनावों से पहले संगठन को नई दिशा और नई रणनीति देने की तैयारी में है।
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