MP Politics : मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव तीन दिवसीय संयुक्त अरब अमीरात दौरे पर दुबई पहुंच गए हैं। मुख्यमंत्री 7 से 9 सितंबर 2026 तक चलने वाली एआईएम कांग्रेस में मध्य प्रदेश के प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे हैं। इस दौरान उनका फोकस प्रदेश में विदेशी निवेश बढ़ाने और अलग-अलग क्षेत्रों में नई परियोजनाएं लाने पर रहेगा। CM ने कहा कि प्रदेश सरकार का लक्ष्य लॉजिस्टिक्स, खनन, कृषि, खाद्य प्रसंस्करण, वस्त्र और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस समेत विभिन्न क्षेत्रों में निवेश आकर्षित करना है।
उनका कहना है कि नए निवेश से राज्य में कारोबार का विस्तार होगा और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर तैयार होंगे। दुबई दौरे के दौरान मुख्यमंत्री वैश्विक निवेशकों और प्रमुख कारोबारी समूहों के सामने मध्य प्रदेश की औद्योगिक क्षमता, संसाधनों और निवेश की संभावनाओं को प्रस्तुत करेंगे।
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निवेशकों को मध्य प्रदेश में कारोबार के लिए अनुकूल माहौल का भरोसा दिलाते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में 900 से अधिक अप्रचलित कानूनों को समाप्त किया जा चुका है। इसके साथ ही प्रक्रियाओं को आसान बनाने और सरकारी स्तर पर होने वाली देरी कम करने के लिए कई नीतिगत बदलाव किए गए हैं। मुख्यमंत्री के मुताबिक, इन सुधारों से परियोजनाओं को मंजूरी देने और उन्हें जमीन पर उतारने की प्रक्रिया में तेजी आई है। सरकार निवेशकों के लिए प्रक्रियाओं को और सरल बनाने पर भी काम कर रही है। दुबई पहुंचने के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अरब संसद के अध्यक्ष मोहम्मद अहमद अल यम्माही से मुलाकात की।
आज दुबई में मध्यप्रदेश के ODOP (वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट) एवं GI उत्पादों की प्रदर्शनी का उद्घाटन किया।
इस प्रदर्शनी के माध्यम से मध्यप्रदेश की समृद्ध हस्तशिल्प, हथकरघा एवं पारंपरिक कला विरासत को वैश्विक मंच पर प्रस्तुत करने का अवसर मिला है।
प्रदेश के विभिन्न अंचलों की… pic.twitter.com/3JWYEYBhqF
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) September 6, 2026
इस दौरान उन्होंने उन्हें और अरब संसद के सदस्यों को मध्य प्रदेश में आयोजित होने वाले आगामी वैश्विक निवेश शिखर सम्मेलन में शामिल होने का निमंत्रण दिया। मुख्यमंत्री ने उनसे मध्य प्रदेश में निवेश की संभावनाओं पर भी चर्चा की और राज्य के विकास में अंतरराष्ट्रीय निवेशकों की भागीदारी का आह्वान किया।
‘एक जिला एक उत्पाद’ की दिखाई झलक
मुख्यमंत्री ने दुबई में मध्य प्रदेश की ‘एक जिला एक उत्पाद’ पहल पर आधारित विशेष प्रदर्शनी का भी उद्घाटन किया। इसका उद्देश्य प्रदेश के स्थानीय और पारंपरिक उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार उपलब्ध कराना और विदेशी खरीदारों से सीधे जोड़ना है। प्रदर्शनी में बेतूल की बेल मेटल क्राफ्ट, अशोकनगर की चंदेरी हथकरघा कला, उज्जैन की बाटिक रंगाई, खरगोन की माहेश्वरी साड़ी और ग्वालियर के कालीन जैसे उत्पाद प्रदर्शित किए गए। CM ने कहा कि किसी भी मजबूत अर्थव्यवस्था की नींव उसके स्थानीय उत्पादों और वहां की उत्पादन क्षमता से बनती है। मध्य प्रदेश में अलग-अलग जिलों की अपनी विशिष्ट पहचान और उत्पाद हैं, जिन्हें अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाने की काफी संभावनाएं हैं।
सरकार की कोशिश है कि इन उत्पादों को सिर्फ स्थानीय बाजार तक सीमित न रखा जाए, बल्कि उन्हें वैश्विक खरीदारों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार नेटवर्क से जोड़ा जाए मुख्यमंत्री ने शाम को ‘टाइकून्स बाय एआईएम कांग्रेस’ में भी हिस्सा लिया। यह सम्मेलन नीति निर्माताओं, निवेशकों, संप्रभु संपत्ति कोष से जुड़े अधिकारियों, यूनिकॉर्न कंपनियों के संस्थापकों और उद्यमियों को एक मंच पर लाता है। इस मंच के जरिए मुख्यमंत्री को वैश्विक कारोबारी जगत के प्रतिनिधियों के सामने मध्य प्रदेश की निवेश संभावनाएं रखने का अवसर मिलेगा।
कारोबारियों से मुलाकात
दौरे के दौरान मुख्यमंत्री सोमवार को एआईएम कांग्रेस में मध्य प्रदेश पवेलियन का उद्घाटन करेंगे और निवेश सत्र को संबोधित करेंगे। इसके अलावा दुबई और शारजाह में प्रमुख कारोबारी समूहों के प्रतिनिधियों के साथ उनकी बैठकें प्रस्तावित हैं। इन बैठकों में मध्य प्रदेश की औद्योगिक और पर्यटन क्षमता को वैश्विक निवेशकों के सामने रखा जाएगा। सरकार को उम्मीद है कि इस दौरे से प्रदेश में नए निवेश और रोजगार के अवसरों के लिए रास्ता तैयार होगा।
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