Duleep Trophy 2026 Final : दलीप ट्रॉफी 2026 के फाइनल में ईस्ट जोन ने शानदार शुरुआत की है। साउथ जोन के खिलाफ खेले जा रहे खिताबी मुकाबले में ईस्ट जोन के बल्लेबाजों ने पहले दिन से ही दबाव बना दिया। दिन का खेल खत्म होने तक टीम ने 4 विकेट पर 385 रन बना लिए थे। कप्तान ईशान किशन शतक लगाकर नाबाद लौटे, जबकि कुमार कुशाग्र भी अर्धशतक पूरा कर चुके थे।
ईस्ट जोन के कप्तान ईशान किशन ने फाइनल में शानदार बल्लेबाजी करते हुए शतक पूरा किया। उन्होंने 124 गेंदों में अपना शतक पूरा किया। दिन का खेल खत्म होने तक किशन 111 रन बनाकर नाबाद थे।
Duleep Trophy 2026 Final
इस पारी के दौरान उन्होंने फर्स्ट क्लास क्रिकेट में अपने 4,000 रन भी पूरे कर लिए। टीम को उनसे दूसरे दिन भी बड़ी पारी की उम्मीद थी और उन्होंने उसी अंदाज में बल्लेबाजी जारी रखी। ईशान किशन का साथ कुमार कुशाग्र ने बखूबी निभाया। पहले दिन का खेल समाप्त होने तक कुशाग्र 63 रन बनाकर नाबाद थे। दोनों बल्लेबाजों ने साउथ जोन के गेंदबाजों को लंबे समय तक विकेट के लिए तरसाए रखा। दूसरे दिन की शुरुआत भी ईशान और कुशाग्र ने संभलकर की। दोनों ने अपनी लय बरकरार रखते हुए ईस्ट जोन का स्कोर 400 रन के पार पहुंचा दिया।
शिखर मोहन शतक से चूके
ईस्ट जोन की पारी में शिखर मोहन ने भी महत्वपूर्ण योगदान दिया। उन्होंने 85 रन की पारी खेली और टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। हालांकि वह शतक पूरा नहीं कर सके और चामा वी मिलिंद की गेंद पर आउट हो गए। इससे पहले शिखर ने कप्तान ईशान किशन के साथ मिलकर उपयोगी साझेदारी की थी। उनकी पारी ने ईस्ट जोन को शुरुआती झटकों से उबरने में मदद की। ईस्ट जोन के लिए अभिमन्यु ईश्वरन ने 72 रन की पारी खेली। वहीं युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने भी 44 रन बनाकर टीम के स्कोर को तेजी से आगे बढ़ाने में योगदान दिया। इन पारियों की बदौलत ईस्ट जोन पहले ही दिन से मुकाबले में मजबूत स्थिति बनाने में सफल रहा।
जल्द विकेट की तलाश
ईस्ट जोन के बल्लेबाजों के जमने के बाद साउथ जोन के गेंदबाजों के सामने बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। दूसरे दिन उनकी सबसे बड़ी कोशिश ईशान किशन और कुमार कुशाग्र की साझेदारी तोड़ने की है। अगर साउथ जोन जल्द विकेट हासिल नहीं करता है तो ईस्ट जोन बड़ा स्कोर खड़ा करके फाइनल में अपनी स्थिति और मजबूत कर सकता है। पहले दिन का खेल खत्म होने तक ईस्ट जोन ने 4 विकेट पर 385 रन बनाए थे। ईशान किशन 111 और कुमार कुशाग्र 63 रन बनाकर नाबाद थे। शिखर मोहन 85 और अभिमन्यु ईश्वरन 72 रन की पारी खेल चुके थे। फाइनल में अब साउथ जोन के गेंदबाजों के सामने सबसे बड़ी चुनौती ईशान किशन को आउट करने की है, जबकि ईस्ट जोन की नजर विशाल स्कोर खड़ा करने पर है।
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