Cheapest Personal Loan : देश में बढ़ती महंगाई के बीच अब सिर्फ बचत के भरोसे बड़े खर्च पूरे करना आसान नहीं रह गया है। घर की मरम्मत हो, शादी का खर्च हो या अचानक आई कोई जरूरत लोग तेजी से पर्सनल लोन की ओर रुख कर रहे हैं। हालांकि, लोन लेना जितना आसान लगता है, उतना ही जरूरी है इसे समझदारी से लेना, वरना बाद में ईएमआई का बोझ परेशानी बढ़ा सकता है।
पर्सनल लोन लेने से पहले लोगों के मन में कई सवाल आते हैं। जैसे कौन सा बैंक बेहतर है, ब्याज दर कितनी होगी, ईएमआई कितनी बनेगी और क्या इसे आसानी से चुकाया जा सकेगा या नहीं।
Cheapest Personal Loan
एक्सपर्ट्स का मानना है कि बिना प्लानिंग के लिया गया लोन आपकी आर्थिक स्थिति को बिगाड़ सकता है। इसलिए पहले अपनी जरूरत और भुगतान की क्षमता को जरूर आंकें। अक्सर लोग सोचते हैं कि ईएमआई कम करने का कोई खास तरीका होता है, लेकिन ऐसा नहीं है। असल में ईएमआई सीधे तौर पर ब्याज दर और लोन अवधि पर निर्भर करती है। अगर आप कम ब्याज दर पर लोन लेते हैं, तो आपकी मासिक किस्त अपने आप कम हो जाती है। इसके अलावा, लंबी अवधि चुनने से भी ईएमआई घटती है, लेकिन कुल ब्याज ज्यादा देना पड़ता है।
क्रेडिट स्कोर की अहम भूमिका
लोन सस्ता मिलेगा या महंगा, यह काफी हद तक आपके क्रेडिट स्कोर पर निर्भर करता है। अगर आपका सिबिल स्कोर अच्छा है, तो बैंक आपको कम ब्याज दर पर लोन देने के लिए तैयार रहते हैं। वहीं कमजोर स्कोर होने पर या तो ब्याज ज्यादा देना पड़ता है या लोन मिलने में दिक्कत आती है। इसलिए लोन लेने से पहले अपने क्रेडिट स्कोर को बेहतर रखना बेहद जरूरी है। बाजार में कई बैंक पर्सनल लोन ऑफर कर रहे हैं, लेकिन ब्याज दर हर बैंक की अलग-अलग होती है। फिलहाल Axis Bank पर्सनल लोन पर सबसे कम ब्याज दर देने वाले बैंकों में शामिल है, जहां दर करीब 9.6 फीसदी से शुरू हो रही है। ऐसे में कम ब्याज दर वाले विकल्प चुनना आपके लिए फायदे का सौदा साबित हो सकता है।
ईएमआई का समझें गणित
अगर कोई व्यक्ति 5 लाख रुपये का पर्सनल लोन 5 साल के लिए लेता है, तो उसे करीब 10,525 रुपये की मासिक ईएमआई चुकानी होगी। वहीं 1 लाख रुपये के लोन पर लगभग 2,105 रुपये की ईएमआई बनती है। हालांकि यह आंकड़े ब्याज दर और अवधि के हिसाब से बदल सकते हैं, इसलिए लोन लेने से पहले ईएमआई कैलकुलेशन जरूर कर लें। किसी भी बैंक से लोन लेने से पहले अलग-अलग बैंकों की ब्याज दर, प्रोसेसिंग फीस और अन्य चार्ज की तुलना करना बेहद जरूरी है। कई बार कम ब्याज दर के साथ छिपे हुए चार्ज भी होते हैं, जो कुल लागत बढ़ा देते हैं इसलिए पूरी जानकारी लेकर ही फैसला करना समझदारी होती है।
कहां है सबसे सस्ता पर्सनल लोन?
| बैंक | ब्याज दर (%) | ईएमआई (₹) 5 लाख / 5 साल |
ईएमआई (₹) 1 लाख / 5 साल |
प्रोसेसिंग फीस |
|---|---|---|---|---|
| HDFC बैंक | 9.99 | 10,621 | 2,124 | ₹ 6,500 तक |
| टाटा कैपिटल | 10.99 | 10,869 | 2,174 | 5% तक |
| स्टेट बैंक ऑफ इंडिया | 10.00-15.00 | 10,624-11,895 | 2,125-2,379 | 1.50% तक (₹ 1,000 – ₹ 15,000) |
| ICICI बैंक | 9.99 | 10,621 | 2,124 | 2% तक |
| बैंक ऑफ बड़ौदा | 10.15-18.00 | 10,660-12,697 | 2,132-2,539 | 2% तक (अधिकतम ₹ 10,000) |
| एक्सिस बैंक | 9.6 | 10,525 | 2,105 | 2% तक |
| कोटक महिंद्रा बैंक | 10.99 | 10,869 | 2,174 | 5% तक |
| बैंक ऑफ इंडिया | 10.85-16.15 | 10,834-12,199 | 2,167-2,440 | 1% तक (₹ 250 – ₹ 15,000) |
| केनरा बैंक | 9.70-15.15 | 10,550-11,934 | 2,110-2,387 | 0.50% (₹ 1,000 – 5,000) |
| पंजाब नेशनल बैंक | 10.25-16.80 | 10,685-12,373 | 2,137-2,475 | 1% तक |
सोच-समझकर लें फैसला
पर्सनल लोन आपकी जरूरतों को पूरा करने का आसान तरीका जरूर है, लेकिन इसे हल्के में नहीं लेना चाहिए। सही प्लानिंग, अच्छा क्रेडिट स्कोर और सही बैंक का चुनाव आपको कम ब्याज में लोन दिला सकता है। अगर आप इन बातों का ध्यान रखते हैं, तो लोन आपके लिए बोझ नहीं बल्कि मददगार साबित हो सकता है।
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