Uttarakhand News:- उत्तराखंड में बिजली की भारी मांग बढ़ रही है। प्रदेश में भारी मांग बढ़ने के समय यूजेवीएनएल बैटरी से बिजली मिलेगी। पहली बार प्रदेश भर में निगम कर पावर हाउस बीईएसएस लगाने की तैयारी की जा रही है। ऐसे में चारों की टेंडर प्रक्रिया भी शुरू की जा सकती है। प्रदेश भर में बिजली की भारी मांग के कारण उत्तराखंड विद्युत निगम लिमिटेड 120 मेगावाट बिजली यूपीसीएल को उपलब्ध करवाने जा रहा है। जिसके लिए पहली बार निगम बैटरी एनर्जी स्टोर सिस्टम लगवाया जा रहा है जिसको लेकर टेंडर प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है। जल्द ही अब बैटरी से बिजली मिलेगी।
यूजेवीएनएल करेगा बिजली उत्पन्न
ऐसे में अभी तक यूजेवीएनएल जितनी बिजली तब पैदा करता है इसी दौरान वह ग्रेड में जाती है। जानकारी के मुताबिक यूपीसीएल के पास दिन में बिजली की मांग बहुत कम होती है लेकिन शाम के समय भारी मांग बढ़ने लगती है। किसी दौरान यूजेवीएनएल अपने सामान्य समय की तरह बिजली उत्पादन करता नजर आता है। लिहाजा यूपीसीएल को बाजार में बिजली खरीदनी होती है। ऐसे में पीक आवर को देखते हुए पहली बार ऐसा हुआ है जब यूजेवीएनएल बीईएसएस लगवाने जा रहा है।
जिसके तहत जिला पावर हाउस पर 75 मेगावाट, डकरानी में 15 मेगावाट, तिलोथ में 15 मेगावाट और खटीमा में 15 मेगावाट मिलाकर टोटल 120 मेगावाट क्षमता के सिस्टम लगाए जा रहे हैं। यूजेवीएनएल प्रबंधन द्वारा इसके शुरुआत करने की तैयारी भी शुरू कर दिया और टेंडर भी आगे बढ़ रहे हैं। ऐसे में दिन में जब यूपीसीएल के पास बिजली की मांग कम होगी उस समय यूजेवीएनएल अपनी पावर हाउस की बिजली को इसमें स्टोर करके रखेगा और शाम के समय जब यूपीसीएल को ज्यादा जरूरत होगी तो उसे यह बिजली उपलब्ध करवाएगा इस तरह यह सिस्टम चलता रहेगा।
कई बिजली घरों पर लगेगा सिस्टम
यूपीसीएल अभी भविष्य में टोटल बिजली घरों पर बीईएसएस सिस्टम लगाने की तैयारी में लग चुका है। कई बार बिजली मांग के सापेक्ष ज्यादा उपलब्ध होती है। ऐसे में अतिरिक्त बिजली सिस्टम में स्टोर कर ली जाएगी और बाद में से ग्रेड में आपूर्ति के लिए भिजवाया जाएगा। ऐसे में हम शुरुआत में ही चार बीईएसएस लगवाए जा रहे हैं यह सीधे ग्रेड में जुड़े जाएंगे और इसमें बिजली स्टोर की जाएगी और पावर में आसानी से उपलब्ध हो पाएगी।
Read More:- सूर्य देव के इन मंत्रों का जाप बदल देगा आपकी किस्मत, माना जाता है अत्यंत प्रभावशाली




