UPL : गुजरात के कच्छ में जन्मे Rajnikant Devidas Shroff, जिन्हें कारोबारी दुनिया में राज्जू श्रॉफ के नाम से जाना जाता है, आज एग्रोकेमिकल सेक्टर का बड़ा चेहरा हैं। कारोबारी परिवार में जन्म जरूर हुआ, लेकिन उनकी पहचान विरासत से ज्यादा अपने विजन से बनी। आज उनकी कंपनी की गिनती देश की बड़ी लिस्टेड कंपनियों में होती है और मार्केट वैल्यू करीब 58 हजार करोड़ रुपये के आसपास है।
आजादी से पहले उनका परिवार टेक्सटाइल कारोबार से जुड़ा था। आर्थिक मंदी के दौर में परिवार ने पेन बाम और हेयर ऑयल जैसे उत्पाद बनाकर नया रास्ता चुना। राज्जू श्रॉफ ने मुंबई के खालसा कॉलेज से बीएससी की पढ़ाई की और फिर University of Mumbai से केमिस्ट्री में ग्रेजुएशन किया।
UPL की 58 हजार करोड़ की उड़ान
पढ़ाई पूरी होते ही उन्होंने फैक्ट्री के रिसर्च एंड डेवलपमेंट विभाग में कदम रखा। 1969 में रेड फॉस्फोरस का उत्पादन शुरू किया, जिसने भारतीय केमिकल इंडस्ट्री में नई संभावनाओं के दरवाजे खोले। उनकी अगुवाई में UPL Limited ने फसल सुरक्षा उत्पादों के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई। कीटनाशक, फफूंदनाशक और बीज सुरक्षा समाधान के जरिए कंपनी किसानों की फसल को कीट और बीमारियों से बचाने का काम करती है। यही वजह है कि ग्रामीण इलाकों में UPL का नाम भरोसे के साथ लिया जाता है। कंपनी ने अपने नेटवर्क को एशिया से लेकर लैटिन अमेरिका और यूरोप तक फैलाया है।
4.2 बिलियन डॉलर की ऐतिहासिक डील
साल 2018 में UPL ने अमेरिकी कंपनी Arysta LifeSciences का 4.2 बिलियन डॉलर में अधिग्रहण किया। इस सौदे ने कंपनी को दुनिया की शीर्ष एग्रोकेमिकल कंपनियों की कतार में ला खड़ा किया। वर्तमान में राज्जू श्रॉफ कंपनी के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर हैं तथा लगभग 26 प्रतिशत हिस्सेदारी उनके पास है। यह कारोबार अब परिवार की अगली पीढ़ी भी संभाल रही है। उनकी पत्नी सैंड्रा श्रॉफ वाइस-चेयरपर्सन की भूमिका निभा रही हैं। बड़े बेटे जयदेव श्रॉफ ग्लोबल CEO के रूप में रणनीतिक फैसले लेते हैं, जबकि छोटे बेटे विक्रम श्रॉफ कंपनी के आंतरिक प्रबंधन और सिस्टम को मजबूत कर रहे हैं।
सम्मान और संपत्ति दोनों में आगे
राज्जू श्रॉफ को 2021 में Padma Bhushan से सम्मानित किया गया। इसके अलावा मैक्सिको सरकार ने उन्हें Order of the Aztec Eagle से नवाजा। फोर्ब्स के अनुमान के मुताबिक उनकी कुल संपत्ति करीब 1.5 बिलियन डॉलर आंकी गई है। एक छोटे प्रयोगशाला से शुरू हुआ सफर आज वैश्विक पहचान बन चुका है और यही उन्हें ‘क्रॉप प्रोटेक्शन किंग’ की उपाधि दिलाता है।
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