UP News : वित्तीय वर्ष के अंतिम दिनों में Uttar Pradesh Transport Department ने टैक्स बकायेदार वाहन मालिकों के खिलाफ सख्त कदम उठाने की तैयारी कर ली है। विभाग ने साफ कर दिया है कि जो वाहन स्वामी निर्धारित समय सीमा के भीतर रोड टैक्स जमा नहीं करेंगे, उन्हें डिफाल्टर घोषित किया जाएगा। इसके बाद उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी शुरू की जाएगी। परिवहन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, Gautam Buddha Nagar जिले में बड़ी संख्या में वाहन मालिकों ने रोड टैक्स जमा नहीं किया है।
विभाग के मुताबिक, 10 हजार से ज्यादा वाहनों पर करीब 70 करोड़ रुपये का टैक्स बकाया है। इन वाहनों में बस, ट्रक और अन्य व्यावसायिक वाहन शामिल हैं, जिनके मालिक लंबे समय से कर भुगतान में लापरवाही बरत रहे हैं।
UP में 70 करोड़ टैक्स बकाया पर सख्ती
बकाया वसूली के लिए परिवहन विभाग ने सड़क पर निगरानी बढ़ा दी है। उप संभागीय परिवहन अधिकारी Nand Kumar ने बताया कि 31 मार्च को वित्तीय वर्ष समाप्त होने से पहले बकाया टैक्स जमा कराने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत अलग-अलग टीमों का गठन कर सड़कों पर वाहनों की लगातार जांच की जा रही है। चेकिंग के दौरान जिन वाहनों पर टैक्स बकाया पाया जा रहा है, उनके मालिकों को तुरंत नोटिस जारी किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई का उद्देश्य वाहन स्वामियों को समय रहते चेतावनी देना है, ताकि वे निर्धारित समय के भीतर अपना बकाया जमा कर सकें और आगे की सख्त कार्रवाई से बच सकें।
होगी कड़ी कार्रवाई
परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि यदि नोटिस के बाद भी टैक्स जमा नहीं किया गया तो संबंधित वाहन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसमें वाहन सीज करना, परमिट निलंबित करना और भारी जुर्माना लगाना शामिल है। इसके अलावा डिफाल्टर घोषित होने पर वाहन मालिकों को कई प्रशासनिक प्रक्रियाओं में भी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। बकायेदारों पर शिकंजा कसने के लिए विभाग एक अप्रैल से विशेष प्रवर्तन अभियान शुरू करने जा रहा है।
इस अभियान के तहत प्रमुख बॉर्डर और व्यस्त मार्गों पर टीमें तैनात की जाएंगी। ये टीमें वाहनों की जांच कर टैक्स बकाया होने पर तुरंत कार्रवाई करेंगी। अधिकारियों का कहना है कि इस कदम का उद्देश्य कर वसूली बढ़ाना और परिवहन व्यवस्था को नियमों के अनुरूप बनाए रखना है।




