कंगाना रनौत ने कहा-शिवसेना के नेताओं से उनकी जान को है खतरा…

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अपने बयानों के चलते अक्सर चर्चे में बने रहने वाली कंगना रनौत ने मुंबई में अपनी जान को लेकर खतरा बताया है। उन्होंने सर्वक्षेष्ट न्यायालय में याचिका दायर की है और कहा है कि उनको शिवसेना के नेताओं से खतरा है। दरअसल, कंगना रनौत और उनकी बहन रंगोली चंदेल पर मुंबई में चार क्रिमिनल केस चल रहे हैं, जिसमें एक जावेद अख्तर का भी केस शामिल हैं। अपनी याचिका में कंगना ने कहा है कि मुंबई में शिवसेना के नेताओं से उन्हें जान का खतरा है। सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका में कहा गया है कि अभिनेत्री को शिवसेना के नेताओं से खतरा है इसलिए केस को हिमाचल प्रदेश ट्रांसफर किया जाए।

आपको बताते चलें, अभिनेत्री की तरफ से सुप्रीम कोर्ट में अपील की गई है, कि मुंबई में जो उनके खिलाफ केस चल रहे हैं, उन सभी केसों को हिमाचल में ट्रांसफर किया जाए। याचिका में कहा गया है कि महाराष्ट्र सरकार जान बूझकर उनका शोषण कर रही है। कंगना रनौत और उनकी बहन रंगोली चंदेल ने ये भी दावा किया है कि ये सभी केस उनकी छवि को खराब करने की नियत के साथ किए गए हैं। बता दें, सुप्रीम कोर्ट में वकील नीरज शेखर कंगना और रंगोली का केस देख रहे हैं।

हम आपको बताते हैं, वो कौन-कौन से केस हैं जो मुंबई में कंगना रनौत और उनकी बहन पर चल रहे हैं।

जावेद अख्तर ने कंगना पर क्रिमिनल डिफिमेशन केस किया है। इस मामले में कंगना पर Sections 499 और 500 of IPC के तहत मामला दर्ज है। दूसरा केस रंगोली चंदेल पर वकील Ali Kashif Khan Deshmukh ने दायर किया है। कोरोना चेकअप करने गए डॉक्टरों को लेकर चंदेल ने ट्वीट किया था। इस ट्वीट को ट्विटर ने हटा दिया था और रंगोली का ट्विटर अकाउंट भी सस्पेंड हो गया था। तीसरा केस भी दोनों बहनों पर ट्वीट को लेकर ही है। ये केस Metropolitan Magistrate, अंधेरी में चल रहा है। चौथा केस रंगोली और कंगना पर Munawar Ali ने किया है। ये केस इन दोनों बहनों पर महाराष्ट्र सरकार के खिलाफ एक ट्वीट को लेकर किया गया है।

अब इन सब के बीच कंगना और रंगोली चंदेल की ओर से सुप्रीम कोर्ट में अपील कर दी गई है कि उनके सभी केसों को मुंबई से शिमला में शिफ्ट कर दिया जाए, क्योंकि उनकी जान को महाराष्ट सरकार से खतरा है। हालांकि,अभी तक सुप्रीम कोर्ट की ओर से जवाब सामने नहीं आया है।

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