Home » राजनीति » Hezbollah ने इजरायल पर किया ड्रोन अटैक, मध्य पूर्व में चरम पर तनाव

Hezbollah ने इजरायल पर किया ड्रोन अटैक, मध्य पूर्व में चरम पर तनाव

Hezbollah
Hezbollah

Hezbollah : मिडिल ईस्ट में चल रहा सैन्य टकराव अब और खतरनाक मोड़ पर पहुंचता दिखाई दे रहा है। इजरायल, अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे संघर्ष ने पूरे क्षेत्र को अस्थिर बना दिया है। दोनों पक्षों की ओर से लगातार मिसाइल और ड्रोन हमले किए जा रहे हैं, जिससे हालात शांत होने के बजाय और बिगड़ते जा रहे हैं। इस टकराव का असर सिर्फ युद्धरत देशों तक सीमित नहीं है, बल्कि खाड़ी क्षेत्र के कई अन्य देश भी इसकी चपेट में आते नजर आ रहे हैं।

तनाव बढ़ने के साथ ही ईरान ने खाड़ी क्षेत्र के कई देशों में मिसाइल और ड्रोन हमले किए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, कतर, इराक और कुवैत जैसे देशों को भी निशाना बनाया गया है।

Hezbollah ने खोला नया मोर्चा

इन देशों में कई स्थानों पर अमेरिका के सैन्य ठिकाने मौजूद हैं, जिन्हें लेकर ईरान लगातार चेतावनी देता रहा है। ताजा हमलों के बाद पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। ईरान के सहयोगी संगठन हिजबुल्लाह ने भी इस संघर्ष में सक्रिय भूमिका निभानी शुरू कर दी है। हिजबुल्लाह ने ड्रोन और मिसाइलों के जरिए इजरायल के कई हिस्सों को निशाना बनाया, जिससे कई जगहों पर धमाकों की आवाज सुनी गई। इसके बाद इजरायली सेना ने जवाबी कार्रवाई करते हुए लेबनान में मौजूद हिजबुल्लाह के ठिकानों पर हवाई हमले किए। इस जवाबी कार्रवाई से सीमा पर तनाव और बढ़ गया है।

कूटनीतिक हलचल

ईरान ने संयुक्त अरब अमीरात के कुछ इलाकों में भी मिसाइल और ड्रोन हमले किए हैं। इसके अलावा इराक में यूएई के दूतावास के आसपास भी हमले की खबरें सामने आई हैं। इस बीच भारत में यूएई के राजदूत हुसैन हसन मिर्जा अलसयेघ ने कहा कि यदि हालात को शांत करना है तो भारत की भूमिका अहम हो सकती है। उनका कहना था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक पहल या बातचीत से तनाव कम करने की दिशा में मदद मिल सकती है।

यूएई के राजदूत ने यह भी कहा कि उनका देश इस संघर्ष में सीधे शामिल नहीं होना चाहता। उन्होंने स्पष्ट किया कि ईरान के साथ पड़ोसी संबंध होने के बावजूद यूएई का किसी भी पक्ष के साथ टकराव में उतरने का इरादा नहीं है। साथ ही उन्होंने बताया कि अब्राहम समझौते के तहत यूएई और इजरायल के बीच भी सहयोग कायम है, इसलिए यूएई दोनों पक्षों के साथ संतुलित संबंध बनाए रखना चाहता है।

सैन्य ठिकानों को बनाया निशाना

इजरायली सेना के मुताबिक उसकी वायुसेना ने ईरान के कई सैन्य ठिकानों पर हमले किए हैं। इनमें इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स से जुड़े ड्रोन ऑपरेशन सेंटर भी शामिल बताए गए हैं। सेना का कहना है कि इन ठिकानों से पहले भी इजरायल पर ड्रोन हमले किए जा चुके थे। हालिया कार्रवाई में ड्रोन स्टोरेज और एयर डिफेंस सिस्टम को भी निशाना बनाया गया।

अमेरिका ने दिखाई सख्त मंशा

इस पूरे घटनाक्रम पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि इस संघर्ष में कई स्तर पर सफलता मिली है, लेकिन अभी अंतिम लक्ष्य हासिल करना बाकी है। ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका अपने सहयोगियों के साथ मिलकर इस खतरे को हमेशा के लिए खत्म करने के लिए पहले से ज्यादा दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा है। ऐसे में मिडिल ईस्ट में आने वाले दिन और भी चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं।

Read More : Etawah Safari Park में शेरनी नीरजा ने 4 शावकों को दिया जन्म

0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
Inline Feedbacks
View all comments
Will the middle class get relief from the first general budget of Modi 3.0?