America : अमेरिका इन दिनों एक शक्तिशाली शीतकालीन तूफान की चपेट में है, जिसने कई राज्यों में जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। भारी बर्फबारी, कड़ाके की ठंड और तेज हवाओं के कारण सड़कों से लेकर हवाई यातायात तक ठप होने की स्थिति बन गई है। हालात इतने गंभीर हो चुके हैं कि कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित है और लोगों को अत्यधिक ठंड का सामना करना पड़ रहा है।
तूफान की भयावहता को देखते हुए अब तक करीब 15 अमेरिकी राज्यों में आपातकाल की घोषणा की जा चुकी है। प्रशासन ने नागरिकों से घरों में रहने की अपील की है और गैर-जरूरी यात्रा से बचने की सलाह दी है। खासतौर पर टेक्सास, ओक्लाहोमा और आसपास के क्षेत्रों में हालात अधिक चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं, जहां भारी बारिश के बाद बर्फबारी ने संकट को और बढ़ा दिया है।
America में बर्फीला कहर
नेशनल वेदर सर्विस (NWS) के अनुसार, ओक्लाहोमा से लेकर अमेरिका के पूर्वोत्तर हिस्सों तक भारी हिमपात की संभावना जताई गई है। कई क्षेत्रों में सोमवार तक एक फुट से अधिक बर्फ जम सकती है। दक्षिणी मैदानों, टेनेसी घाटी और मिसिसिपी क्षेत्र में बर्फीली बारिश और ओलावृष्टि का खतरा भी बना हुआ है, जिससे सड़कों पर फिसलन और दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। तेज बर्फबारी और खराब मौसम के चलते अमेरिका के कई प्रमुख हवाई अड्डों पर उड़ान सेवाएं प्रभावित हुई हैं। फ्लाइट ट्रैकिंग वेबसाइट के मुताबिक अब तक 1,800 से अधिक उड़ानें रद्द की जा चुकी हैं। हवाई अड्डों के अलावा रेल और सड़क यातायात भी प्रभावित है, जिससे लाखों यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
बिजली गुल
इस तूफान के चलते बिजली के तार टूटने, पेड़ों के गिरने और ट्रांसमिशन लाइनों के क्षतिग्रस्त होने की खबरें सामने आ रही हैं। कई इलाकों में लंबे समय तक बिजली गुल रहने की आशंका जताई जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर मौसम जल्द सामान्य नहीं हुआ तो बुनियादी ढांचे पर और अधिक दबाव पड़ सकता है। तूफान के डर से लोग जरूरी वस्तुओं का स्टॉक करने में जुट गए हैं। मिसिसिपी, टेक्सास और वाशिंगटन डीसी समेत कई इलाकों में किराना स्टोरों पर पानी, दूध और खाद्य सामग्री की भारी मांग देखी जा रही है। कई दुकानों में आवश्यक सामान की कमी हो गई है, जिससे आपूर्ति व्यवस्था पर भी असर पड़ा है।
कई दिनों तक बने रह सकते हैं हालात
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, यह शीतकालीन तूफान कई दिनों तक सक्रिय रह सकता है और धीरे-धीरे मध्य-अटलांटिक और उत्तरपूर्वी अमेरिका की ओर बढ़ेगा। अनुमान है कि लगभग 18 करोड़ लोग इस तूफान के प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष प्रभाव में आ सकते हैं, जिससे अमेरिका के बड़े हिस्से में ठंड और बर्फ का असर लंबे समय तक देखने को मिल सकता है।
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